कोरोना वायरस की वजह से होने वाली दिक्कतें तीर्थ नगरी में भी महसूस की जा रही हैं। चीन में रह रहा ऋषिकेश का एक युवक अपने घर नहीं आ पा रहा है। इससे उसके माता पिता भी चिंतित हैं। युवक चीन में योग प्रशिक्षक है। चीन पुलिस युवक को वापस नहीं आने दे रही है। युवक के माता पिता ने बेटे को भारत लाने के लिए विधानसभा अध्यक्ष से गुहार लगाई है।
गौरतलब है कि ऋषिकेश का रहने वाला उक्त युवक चीन में योग टीचर की नौकरी करता है। कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए उसे चीन की पुलिस ने रोक लिया है। युवक के माता पिता ने बताया कि उनका बेटा चीन के हेनान प्रांत के नयांग में योग सिखाने का कार्य करता है। पिछले काफी समय से वह चीन में रह कर कार्य कर रहा है। वह भारत वापस आ रहा था, जिसके लिए उसने एयर टिकट बुक करवाया था।
गौरतलब है कि ऋषिकेश का रहने वाला उक्त युवक चीन में योग टीचर की नौकरी करता है। कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए उसे चीन की पुलिस ने रोक लिया है। युवक के माता पिता ने बताया कि उनका बेटा चीन के हेनान प्रांत के नयांग में योग सिखाने का कार्य करता है। पिछले काफी समय से वह चीन में रह कर कार्य कर रहा है। वह भारत वापस आ रहा था, जिसके लिए उसने एयर टिकट बुक करवाया था।
चीन पुलिस ने रोका और टिकट कैंसिल करवा दिया
उन्होंने बताया कि वह जैसे ही एयर पोर्ट पंहुचा उसको चीन पुलिस ने रोक लिया और उसका टिकट कैंसिल करवा दिया। वहां की पुलिस ने युवक को वापस उसके चीन के क्वार्टर में छोड़ दिया। बेटे के वापस न आ पाने के कारण माता पिता काफी परेशान हैं।
बेटे को सही सलामत वापस भारत लाने के लिए वे विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल के पास पंहुचे। जहां उन्होंने अपने बेटे के बारे में सभी जानकारियां दीं। विधानसभा अध्यक्ष ने उनको आश्वासन देते हुए कहा है कि वे इसको लेकर प्रयास करेंगे।
बेटे को सही सलामत वापस भारत लाने के लिए वे विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल के पास पंहुचे। जहां उन्होंने अपने बेटे के बारे में सभी जानकारियां दीं। विधानसभा अध्यक्ष ने उनको आश्वासन देते हुए कहा है कि वे इसको लेकर प्रयास करेंगे।
कोरोना की जांच के लिए चीनी इंजीनियरों सहित पहुंचे पांच लोग
सर्दी जुकाम होने पर पिथौरागढ़ जिला अस्पताल में कोरोना की जांच के लिए दो चीनी इंजीनियरों सहित पांच स्थानीय लोग पहुंचे। चीन के इंजीनियर पिथौरागढ़ के अस्कोट में बन रहे पॉवर ग्रिड में काम कर रहे हैं।
उनकी जांच की गई। उनमें सामान्य सर्दी-जुकाम के लक्षण मिले हैं। चिकित्सकों का कहना है कि वायरस की जांच की जरूरत नहीं है। एक चीनी इंजीनियर दिसंबर अंतिम सप्ताह में, जबकि दूसरा इंजीनियर एक जनवरी को पिथौरागढ़ आया था।
उनकी जांच की गई। उनमें सामान्य सर्दी-जुकाम के लक्षण मिले हैं। चिकित्सकों का कहना है कि वायरस की जांच की जरूरत नहीं है। एक चीनी इंजीनियर दिसंबर अंतिम सप्ताह में, जबकि दूसरा इंजीनियर एक जनवरी को पिथौरागढ़ आया था।
एम्स में कोरोना वायरस का संभावित युवक भर्ती
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ऋषिकेश में रूटीन जांच को पहुंचे एक रोगी को भर्ती किया गया है। रोगी को कोरोना वायरस से आशंकित बताया जा रहा है। एम्स के जनसंपर्क अधिकारी हरीश मोहन थपलियाल ने बताया कि शनिवार को ऋषिकेश निवासी 36 वर्षीय एक युवक एम्स में रूटीन जांच को पहुंचा। वह पिछले पांच वर्षों से चीन के बुहान प्रांत में योग प्रशिक्षक है। 23 जनवरी को भारत लौटा है।
उन्होंने बताया कि रोगी भारत पहुंचने के बाद, अपने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ घर पर रह रहा था। पारिवारिक सदस्यों में भी कोरोना वायरस के कोई लक्षण नहीं हैं। वह आईडीएसपी टीम से रेफर के बाद एम्स में नियमित स्वास्थ्य जांच के लिए आया था। जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि रोगी को होम आइसोलेशन में रखा गया है।
साथ ही सैंपल जांच के लिए पूणे स्थित प्रयोगशाला में भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि अभी तक संस्थान में कुल में पांच संदिग्ध मामले आए हैं। इनमें दो की रिपोर्ट निगेटिव, दो की रिपोर्ट लंबित है। एक को कम संदेह के कारण परीक्षण नहीं किया गया।
उन्होंने बताया कि रोगी भारत पहुंचने के बाद, अपने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ घर पर रह रहा था। पारिवारिक सदस्यों में भी कोरोना वायरस के कोई लक्षण नहीं हैं। वह आईडीएसपी टीम से रेफर के बाद एम्स में नियमित स्वास्थ्य जांच के लिए आया था। जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि रोगी को होम आइसोलेशन में रखा गया है।
साथ ही सैंपल जांच के लिए पूणे स्थित प्रयोगशाला में भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि अभी तक संस्थान में कुल में पांच संदिग्ध मामले आए हैं। इनमें दो की रिपोर्ट निगेटिव, दो की रिपोर्ट लंबित है। एक को कम संदेह के कारण परीक्षण नहीं किया गया।
रेलवे स्टेशन पर तिब्बती महिला समेत कई की जांच
कोरोना वायरस की आशंका को देखते हुए शनिवार को हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर स्क्रीनिंग डेस्क के स्टाफ ने तिब्बती महिला और उसके साथ के अन्य लोगाें की जांच की। स्क्रीनिंग के बाद महिला को क्लीन चिट दे दी गई, जबकि एक व्यक्ति को जांच के लिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। उसे जुकाम था।
रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों का संचालन शुरू होने से यात्रियों की खासी संख्या में आमद शुरू हो गई है। इसमें देशी-विदेशी सभी यात्री शामिल हैं। लिहाजा, स्टेशन पर कोरोना वायरस की आशंका को देखते हुए लगाई गई स्क्रीनिंग डेस्क तीन शिफ्ट में काम कर रही है। खासकर विदेशी नागरिकों की जांच की जा रही है।
शनिवार को तिब्बत की महिला को देखते ही एएनएम रीटा ने उन्हें जांच के लिए रोका। टसेरिंग चौक्सी अजमेर से यहां पहुंची थीं। डेस्क पर तैनात डॉ. अंशुमाली त्रिपाठी और फार्मासिस्ट मुकेश ने उनकी जांच की। डॉ. अंशुमाली ने बताया कि जांच में सही पाए जाने पर उन्हें क्लीन चिट दे दी गई। इसी के साथ चंडीगढ़ से आए वैभव और हरियाणा के शिव ने भी जांच कराई। एक व्यक्ति को जुकाम होने पर जिला अस्पताल के लिए रेफर किया गया।
रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों का संचालन शुरू होने से यात्रियों की खासी संख्या में आमद शुरू हो गई है। इसमें देशी-विदेशी सभी यात्री शामिल हैं। लिहाजा, स्टेशन पर कोरोना वायरस की आशंका को देखते हुए लगाई गई स्क्रीनिंग डेस्क तीन शिफ्ट में काम कर रही है। खासकर विदेशी नागरिकों की जांच की जा रही है।
शनिवार को तिब्बत की महिला को देखते ही एएनएम रीटा ने उन्हें जांच के लिए रोका। टसेरिंग चौक्सी अजमेर से यहां पहुंची थीं। डेस्क पर तैनात डॉ. अंशुमाली त्रिपाठी और फार्मासिस्ट मुकेश ने उनकी जांच की। डॉ. अंशुमाली ने बताया कि जांच में सही पाए जाने पर उन्हें क्लीन चिट दे दी गई। इसी के साथ चंडीगढ़ से आए वैभव और हरियाणा के शिव ने भी जांच कराई। एक व्यक्ति को जुकाम होने पर जिला अस्पताल के लिए रेफर किया गया।